भोपाल। मध्यप्रदेश में सरकारी कर्मचारियों के तबादलों (Transfers) को लेकर तय की गई 15 जून की समय-सीमा (Deadline) सोमवार को समाप्त हो गई है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की सख्ती के बावजूद ज्यादातर बड़े विभाग तय समय में तबादला आदेश जारी करने में नाकाम रहे हैं। सूत्रों की मानें तो विभागों की इस सुस्ती को देखते हुए सरकार अब तबादलों की अवधि को एक सप्ताह के लिए बढ़ा सकती है। इस संबंध में आज (सोमवार) देर रात तक सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) द्वारा आदेश जारी होने की पूरी संभावना है।
- मंत्रियों के दफ्तरों में लगी रही भीड़, अफसर काटते रहे नाम
तबादले की समय-सीमा का आखिरी दिन होने के कारण सोमवार को मंत्रालय और मंत्रियों के बंगलों पर भारी गहमागहमी देखी गई। मोहन कैबिनेट के अधिकांश मंत्री दिनभर अपने विभागों में ही डटे रहे, जबकि अधिकारी सूची में नाम जोड़ने और काटने की कसरत में जुटे रहे।
रुतबे का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट को आज भाजपा दफ्तर में कार्यकर्ताओं की सुनवाई करनी थी, लेकिन ट्रांसफर लिस्ट फाइनल करने के चक्कर में वे वहां पहुंच ही नहीं सके। यही हाल दूसरे मंत्रियों और उनके प्रभार वाले जिलों का भी रहा।
- सिर्फ कुछ विभागों ने दिखाई तत्परता, बड़े विभाग पिछड़े
सरकार ने कैबिनेट की मंजूरी के बाद 1 जून से 15 जून तक तबादलों से प्रतिबंध हटाया था। इस 15 दिनों की अवधि में केवल स्वास्थ्य विभाग (NHM) और लोक निर्माण विभाग (PWD) जैसे चुनिंदा महकमे ही ट्रांसफर ऑर्डर जारी कर पाए। वहीं, सबसे ज्यादा कर्मचारियों वाले बड़े विभाग रेस में पीछे छूट गए।
- CM की सख्ती पर भारी पड़ी ‘विभागों की सुस्ती‘
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव लगातार मंचों से कह रहे थे कि इस बार तबादलों की अवधि किसी भी हाल में नहीं बढ़ाई जाएगी और सभी विभाग 15 जून तक अपनी प्रक्रिया पूरी कर लें। लेकिन धरातल पर स्थिति इसके उलट रही। कई विभागों की टाइमलाइन ही 15 जून के पार जा रही है।
अब जब प्रदेश के लाखों कर्मचारियों से जुड़े तबादले अटके हुए हैं, तो सामान्य प्रशासन विभाग ने अवधि बढ़ाने की तैयारी कर ली है। बताया जा रहा है कि मुख्यमंत्री से चर्चा के बाद एक हफ्ते का अतिरिक्त समय देने पर सहमति बन चुकी है। यदि आज आदेश जारी होता है, तो सुस्त पड़े विभागों को अपनी पेंडिंग सूचियां जारी करने के लिए कुछ दिनों की राहत और मिल जाएगी।

