कोरिया। जिले में हुए तिहरे हत्याकांड को लेकर सियासी और सामाजिक हलचल लगातार बनी हुई है। 19 जुलाई को प्रस्तावित श्रद्धांजलि सभा को लेकर एक बार फिर यह मामला चर्चा में आ गया है। क्षत्रिय करणी सेना सहित कई सामाजिक संगठनों ने इस घटना को लेकर नाराजगी जताई है और निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की है।
घटना के बाद पीड़ित परिवार और विभिन्न सामाजिक संगठनों की ओर से लगातार न्याय की मांग उठाई जा रही है। 29 जून को मृतकों के तेरहवीं कार्यक्रम के दौरान भी लोगों का आक्रोश देखने को मिला था। अब 19 जुलाई को होने वाली श्रद्धांजलि सभा को लेकर प्रशासन और राजनीतिक हलकों में भी हलचल तेज हो गई है।
करणी सेना ने उठाई निष्पक्ष जांच की मांग
क्षत्रिय करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. राजसिंह शेखावत और राष्ट्रीय उपाध्यक्ष व प्रदेश अध्यक्ष वीरेंद्र सिंह तोमर ने कोरिया न्याय यात्रा के दौरान मामले को लेकर आवाज उठाई थी। संगठन का कहना है कि वह पीड़ित परिवार के साथ खड़ा है और मामले में पूरी पारदर्शिता के साथ जांच चाहता है।
वीरेंद्र सिंह तोमर ने सोशल मीडिया के माध्यम से श्रद्धांजलि सभा को लेकर कार्यकर्ताओं और समाज के लोगों से जुड़ने की अपील की है। संगठन का कहना है कि आगे की रणनीति पीड़ित परिवार की सहमति और मांगों के आधार पर तय की जाएगी।
एसपी और टीआई के तबादले के बाद एएसपी की भूमिका पर सवाल
मामले में कोरिया के तत्कालीन पुलिस अधीक्षक रवि कुमार कुर्रे का स्थानांतरण हो चुका है। उनकी जगह आईपीएस हरीश राठौर को नया पुलिस अधीक्षक बनाया गया है। वहीं सोनहत थाना प्रभारी रहे विनोद पासवान का भी तबादला किया गया है।
हालांकि, सामाजिक संगठनों की ओर से अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) की भूमिका को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं और निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है। प्रशासन की ओर से इस संबंध में कोई विस्तृत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
विधानसभा सत्र के बीच मुद्दा गरमाने की संभावना
छत्तीसगढ़ विधानसभा का मानसून सत्र शुरू हो चुका है। ऐसे में विपक्ष द्वारा इस मामले को सदन में उठाए जाने की संभावना जताई जा रही है। तीन लोगों की मौत से जुड़े इस मामले को लेकर सरकार पर भी दबाव बढ़ता दिख रहा है।
वहीं, क्षत्रिय करणी सेना के आगामी कार्यक्रम को लेकर प्रशासन सतर्क है। 19 जुलाई की श्रद्धांजलि सभा में बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की संभावना को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था पर भी नजर रखी जा रही है।
फिलहाल सभी की निगाहें 19 जुलाई को होने वाले कार्यक्रम और इस दौरान संगठन व पीड़ित परिवार की ओर से उठाए जाने वाले मुद्दों पर टिकी हुई हैं।
भौगोलिक परिस्थिति और घटनाचक्र
- छत्तीसगढ़ के उत्तर – पश्चिमी भाग में कोरिया जिला स्थित है.
- कोरिया जिला सरगुजा सँभाग अँतर्गत आता है.
- बैकुंठपुर में जिले का प्रशासनिक मुख्यालय है.
- बैकुंठपुर से उत्तर – पश्चिम दिशा में सोनहत थाना स्थित है.
- देश में चर्चित तिहरा हत्या काँड़ इसी सोनहत थाना क्षेत्र के नौगई (कटगोड़ी) गाँव में हुआ था.
- जिला मुख्यालय बैकुंठपुर से उत्तर – पश्चिम दिशा की ओर घटनास्थल पड़ता है.
- घटनास्थल की दूरी बैकुंठपुर से तकरीबन 30 किमी है.
- 16 जून 2026 की रात को जनपद पँचायत सोनहत के पूर्व उपाध्यक्ष भरत उर्फ़ लल्ला सिंह गहरवार जिंदा जला दिए गए थे.
- उनके साथ ही नागेंद्र सिंह और वीरेंद्र सिंह भी जिंदा जल मरे थे.
- गँभीर रुप से घायल योगेंद्रसिंह चौहान (65), मयंँक सिंह इस हत्याकाँड़ में किसी तरह बचे थे.
- मामले की पुलिस रपट सोनहत थाना में 17 जून 2026 को दर्ज की गई थी.
- रपट अनुसार 25 – 30 आरोपियों ने इस हत्याकाँड़ को अँजाम दिया था.
- अक्षय त्रिपाठी, विशाल त्रिपाठी, सत्यप्रकाश त्रिपाठी, अमन त्रिपाठी नामक आरोपियों को सोनहत पुलिस ने 17 जून को गिरफ्तार किया था.
- 20 जून 2026 को मनोज त्रिपाठी, अमन त्रिपाठी, आशुतोष त्रिपाठी, निशान त्रिपाठी नामक आरोपियों ने मनेंद्रगढ़ कोतवाली में आत्मसमर्पण किया था.
- 23 जून को पुलिस ने मनीष त्रिपाठी, जितेंद्र त्रिपाठी, अनिल तिवारी को गिरफ्तार किया था.
- मामले में पुलिस पर ढीली कार्रवाई करने सहित शासन – प्रशासन पर गँभीर आरोप लगते रहे हैं.
- कोरिया की अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) सुश्री सुरेखा चौबे पर किसी तरह का एक्शन नहीं लिया जाना चर्चा का विषय है.


