बिलासपुर/रायपुर, 2 सितंबर 2026। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित सीडी कांड मामले में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, विनोद वर्मा और भाजपा नेता कैलाश मुरारका समेत अन्य की याचिकाओं पर अब 25 सितंबर को हाईकोर्ट में सुनवाई होगी। इन याचिकाओं के जरिए आरोप तय किए जाने से संबंधित निचली अदालत के आदेश को चुनौती दी गई है।
मामला हाईकोर्ट में जस्टिस नरेंद्र कुमार व्यास की पीठ के समक्ष सुनवाई के लिए निर्धारित था, लेकिन मंगलवार को शाम तक मामला सुनवाई के लिए नहीं आ सका। इसके बाद कोर्ट ने अगली सुनवाई के लिए 25 सितंबर की तारीख तय की।
आरोप तय करने के आदेश को दी गई है चुनौती
मामले में सीबीआई अदालत ने भूपेश बघेल, विनोद वर्मा, कैलाश मुरारका समेत दो अन्य लोगों के खिलाफ मुकदमा चलाने के लिए पर्याप्त आधार मानते हुए आरोप तय करने का आदेश दिया था। इसी आदेश को चुनौती देते हुए संबंधित पक्षों ने हाईकोर्ट का रुख किया है।
भूपेश बघेल को इससे पहले निचली अदालत ने मामले में बरी कर दिया था। बाद में सेशन कोर्ट ने निचली अदालत के फैसले को पलट दिया। इसके बाद भूपेश बघेल ने सेशन कोर्ट के आदेश को हाईकोर्ट में चुनौती दी।
वहीं, विनोद वर्मा और कैलाश मुरारका ने भी अपने खिलाफ लगाए गए आरोपों से जुड़े आदेशों को अलग-अलग याचिकाओं के जरिए चुनौती दी है।
भूपेश बघेल के मामले में कार्यवाही पर रोक
याचिकाओं पर प्रारंभिक सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने विनोद वर्मा और कैलाश मुरारका को कोई अंतरिम राहत नहीं दी थी। हालांकि, भूपेश बघेल के खिलाफ मामले में आगे की कार्यवाही पर हाईकोर्ट ने रोक लगा दी थी।
अब सभी संबंधित याचिकाओं पर 25 सितंबर को सुनवाई होगी।
सीबीआई ने जल्द सुनवाई का किया आग्रह
मंगलवार को सुनवाई नहीं हो पाने के बाद सीबीआई की ओर से केंद्र सरकार के अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल एसवी राजू ने दिल्ली से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए मामले को विशेष रूप से सुनवाई के लिए लेने का आग्रह किया।
सीबीआई की ओर से अधिवक्ता वैभव गोवर्धन भी अदालत में मौजूद रहे। सीबीआई ने प्रारंभ में 15 सितंबर की तारीख पर सुनवाई की मांग की थी।
दोनों पक्षों की दलील के बाद तय हुई नई तारीख
विनोद वर्मा की ओर से अधिवक्ता सुदीप श्रीवास्तव और श्रिया गुप्ता तथा भूपेश बघेल की ओर से अधिवक्ता हर्ष परगनिहा ने सुनवाई की तारीख एक सप्ताह आगे रखने का आग्रह किया।
दोनों पक्षों की दलील सुनने के बाद हाईकोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई के लिए 25 सितंबर 2026 की तारीख निर्धारित कर दी।


