रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने बड़ी कार्रवाई की है। DRI की टीम ने मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर मंदिर हसौद के पास एक संदिग्ध ट्रक को रोककर तलाशी ली। जांच के दौरान ट्रक में प्लास्टिक प्लंबिंग पाइप की खेप के बीच छिपाकर रखा गया गांजा बरामद हुआ। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, बरामद गांजे की मात्रा करीब 250 किलोग्राम बताई जा रही है।
मुखबिर की सूचना पर शुरू हुई निगरानी
जानकारी के अनुसार, DRI को सूचना मिली थी कि एक ट्रक के जरिए बड़ी मात्रा में गांजे की खेप रायपुर की ओर लाई जा रही है। सूचना मिलते ही अधिकारियों ने संदिग्ध वाहन की निगरानी शुरू कर दी। ट्रक का पीछा करते हुए DRI की टीम ने मंदिर हसौद के पास उपयुक्त स्थान पर उसे रोक लिया और तलाशी की कार्रवाई शुरू की।
पाइप की खेप के बीच छिपाया गया था गांजा
तलाशी के दौरान अधिकारियों को ट्रक में प्लास्टिक प्लंबिंग पाइप की खेप मिली। इसी माल के बीच गांजे को छिपाकर रखा गया था। तस्करों ने नशीले पदार्थ को सामान्य माल का हिस्सा दिखाने की कोशिश की थी, ताकि जांच एजेंसियों को शक न हो। हालांकि, पहले से मिली खुफिया सूचना के चलते DRI टीम ने ट्रक की गहन जांच की और तस्करी की खेप पकड़ ली।
ट्रक जब्त, नेटवर्क की जांच शुरू
कार्रवाई के बाद DRI ने ट्रक को अपने कब्जे में ले लिया है। अधिकारियों की ओर से चालक और उससे जुड़े अन्य लोगों से पूछताछ की जा रही है। जांच एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि गांजा कहां से लाया गया था और इसे रायपुर में कहां पहुंचाया जाना था।
इसके अलावा तस्करी के इस नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं, इसकी भी जानकारी जुटाई जा रही है। ट्रक के दस्तावेज, माल की बुकिंग, यात्रा मार्ग और पूर्व में इस वाहन के इस्तेमाल से संबंधित जानकारी भी जांच के दायरे में है।
अंतिम जब्ती और अन्य विवरण जांच के बाद होंगे स्पष्ट
फिलहाल गांजे की बरामदगी की प्रारंभिक मात्रा करीब 250 किलोग्राम बताई जा रही है। हालांकि, जब्ती की अंतिम मात्रा और मामले से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण तथ्यों की आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने के बाद सामने आएगी। DRI की इस कार्रवाई से गांजा तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा होने की संभावना जताई जा रही है।

