Tuesday, August 25, 2026

Top 5 This Week

Related Posts

कमीशन के लालच में किराए पर दिए बैंक खाते, 10 करोड़ से ज्यादा की साइबर ठगी; 11 राज्यों तक फैला नेटवर्क, 5 गिरफ्तार

जांजगीर-चांपा। छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में साइबर पुलिस ने बड़े साइबर ठगी नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी कमीशन के लालच में अपने बैंक खातों का इस्तेमाल साइबर अपराधियों को करने देते थे। इन खातों के जरिए देशभर में ठगी की रकम का लेन-देन किया जाता था।

जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपी कथित तौर पर म्यूल बैंक अकाउंट उपलब्ध कराने वाले नेटवर्क से जुड़े थे। पुलिस के अनुसार, यह नेटवर्क देश के करीब 11 राज्यों में फैले 33 साइबर ठगी के मामलों से जुड़ा हुआ है। इन मामलों में कुल 10 करोड़ 18 लाख 19 हजार 809 रुपये से अधिक की ठगी की रकम सामने आई है।

कमीशन के बदले बैंक खाते उपलब्ध कराने का आरोप

पुलिस जांच के अनुसार, आरोपी अपने बैंक खाते साइबर ठगों को उपलब्ध कराते थे। ठगी की रकम इन खातों में आने के बाद उसे दूसरे खातों में ट्रांसफर या अन्य माध्यमों से निकाल लिया जाता था। इसके बदले खाता उपलब्ध कराने वालों को कमीशन दिया जाता था।

इसी तरह बैंक खातों के इस्तेमाल से साइबर ठगों तक सीधे पहुंचना मुश्किल हो जाता था और ठगी की रकम को अलग-अलग खातों में घुमाया जाता था।

33 मामलों में सामने आया 10 करोड़ से ज्यादा का लेन-देन

साइबर पुलिस की जांच में गिरफ्तार आरोपियों से जुड़े बैंक खातों और लेन-देन की पड़ताल की गई। पुलिस के मुताबिक, अब तक देशभर में 33 साइबर अपराध मामलों से इन खातों का कनेक्शन सामने आया है।

इन मामलों में कुल ₹10,18,19,809 से अधिक की धोखाधड़ी का खुलासा हुआ है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस नेटवर्क में और कितने लोग शामिल हैं और ठगी की रकम किन-किन खातों में ट्रांसफर की गई।

5 आरोपी गिरफ्तार, न्यायिक रिमांड पर भेजे गए

मामले में साइबर पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पूछताछ और जांच के बाद सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।

पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों के बैंक खातों, मोबाइल फोन, डिजिटल लेन-देन और उनसे जुड़े अन्य संदिग्ध खातों की जांच कर रही है। साथ ही देश के अलग-अलग राज्यों में दर्ज साइबर ठगी के मामलों से इनके कनेक्शन की भी पड़ताल की जा रही है।

साइबर ठगी के लिए इस्तेमाल हो रहे म्यूल अकाउंट

साइबर अपराधियों द्वारा दूसरे लोगों के बैंक खातों का इस्तेमाल कर ठगी की रकम ट्रांसफर करना अब एक बड़ी चुनौती बनता जा रहा है। ऐसे खातों को आमतौर पर म्यूल अकाउंट कहा जाता है।

पुलिस का कहना है कि मामूली कमीशन के लालच में बैंक खाता किराए पर देना खाताधारक के लिए गंभीर कानूनी परेशानी खड़ी कर सकता है। ऐसे मामलों में खाता साइबर अपराध में इस्तेमाल होने पर खाताधारक भी जांच के दायरे में आ सकता है।

फिलहाल जांजगीर-चांपा साइबर पुलिस पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। पुलिस को उम्मीद है कि आरोपियों से पूछताछ और डिजिटल साक्ष्यों की जांच के बाद साइबर ठगी से जुड़े कई अन्य मामलों का भी खुलासा हो सकता है।

Popular Articles